भाजपा का राष्ट्रीय महाकुंभ आज से, अमित शाह करेंगे अधिवेशन का शुभारंभ

NEW DELHI : भारतीय जनता पार्टी मिशन-2019 के लिए दिल्ली में कल से राष्ट्रीय परिषद शुरू कर रही है। दो दिवसीय इस बैठक का शुभारंभ पार्टी अध्यक्ष अमित शाह करेंगे, जबकि आखिरी दिन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इसका समापन करेंगे। लोकसभा चुनाव से पहले हो रही इस बैठक में भाजपा देशभर के सभी चुने हुए पार्टी के नुमाइंदों, पंचायत से लेकर संसद तक को आमंत्रित किया है।

 

यह पहली बार होगा जब राष्ट्रीय परिषद की बैठक में 12000 लोगों की समुलियत होगी। बैठक में क्या-क्या होगा, इसको लेकर भाजपा अध्यक्ष अमित शाह ने वीरवार की देर शाम राष्ट्रीय नेताओं के साथ बैठक की। सूत्रों के मुताबिक अधिवेशन में तीन प्रस्ताव लाने पर विचार हो रहा है, लेकिन अंतिम फैसला पदाधिकारियों की बैठक में होगा। इनमें से राजनीतिक प्रस्ताव गृहमंत्री राजनाथ सिंह रख सकते हैं। इसके अलावा आर्थिक प्रस्ताव होगा और अगर तीसरा प्रस्ताव आता है तो वह इंटरनरल सिक्युरिटी पर हो सकता है।

 

सूत्रों के मुताबिक अधिवेशन के आखिरी दिन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी बैठक में सरकार के पांच साल के कामकाज का हिसाब-किताब पेश करेंगे। इसके जरिए वे अपनी सरकार की उपलब्धियों का भी प्रचार कर सकते हैं। पार्टी नेताओं का कहना है कि यह एक तरह का कार्यकर्ताओं का महासंगम होगा और इसका मकसद यही है कि जब कार्यकर्ता चुनाव के लिए मैदान में जाएं तो उन्हें यह जानकारी होनी चाहिए कि वे किन मुद्दों पर जनता से बातचीत करें और किन वायदों और मुद्दों पर वोट मांगें। इसके अलावा प्रधानमंत्री बेरोजगार भत्ते और महिला रिजर्वेशन बिल जैसे महत्वपूर्ण मामलों पर भी दांव खेल सकते हैं।

 

हालांकि ये दोनों ही मुद्दे महत्वपूर्ण हैं लेकिन इनके जरिए प्रधानमंत्री इसे एक बड़े वादे के रूप में पेश कर सकते हैं। सूत्रों के मुताबिक राष्ट्रीय अधिवेशन में भारतीय जनता पार्टी का पूरा फोकस लोकसभा चुनाव पर ही रहने वाला है। ऐसे में पार्टी चाहेगी कि इस अधिवेशन से इस तरह का संकेत जाए कि न सिर्फ कार्यकर्ताओं का मनोबल उंचा हो बल्कि लोगों में भी उत्साह का संचार हो। अधिवेशन में हिस्सा लेने आ रहे पंचायत जिला अध्यक्ष सहित जमीनी कार्यकर्ताओं में भी यह उत्सुकता रहेगी कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी किस तरह के लाइन ऑफ एक्शन का ऐलान करते हैं।

 

बता दें कि यह बैठक समान्य वर्ग के आर्थिक रूप से कमजोर तबके के लोगों को शिक्षा एवं रोजगार में 10 प्रतिशत आरक्षण देने का प्रावधान करने वाले संविधान संशोधन विधेयक को लोकसभा और राज्यसभा की मंजूरी मिलने के बीच हो रही है। इसने हाल में संपन्न विधानसभा चुनावों में हिंदी पट्टी के तीन राज्यों मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ और राजस्थान में पार्टी को मिली हार के बाद भगवा पार्टी के मनोबल को बढ़ाया है। यह पहला मौका है जब भाजपा अपनी राष्ट्रीय परिषद की बैठक को विस्तृत स्वरूप देने जा रही है। इसमें हर लोकसभा क्षेत्र के लगभग दस प्रमुख नेता हिस्सा लेंगे। बैठक में सभी सांसदों, विधायकों, परिषद के सदस्यों, जिला अध्यक्षों व महामंत्रियों के साथ हर क्षेत्र के विस्तारकों को भी बुलाया गया है ।